Kanpur Violence

Kanpur Violence: प्रधानमंत्री मोदी के दौरे के बीच भाजपा की महिला नेता नुपूर के भड़काऊ बयान पर शुक्रवार को जुमे की नमाज होने के बाद कानपुर में बवाल हो गया। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज की और लोगों को भगाया।

भाजपा प्रवक्ता नूपुर शर्मा की टिप्पणी से मुस्लिम समाज के लोगों में नाराजगी है, जिसे लेकर शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद कानपुर में बवाल हो गया। अल्पसंख्य समुदाय के लोगों और पुलिस के बीच भिड़ंत हो गई। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज किया और लोगों को वहां से खदेड़ा। बता दें कि जोहर फैंस एसोसिएशन और अन्य मुस्लिम तंजीमों ने पहले ही शुक्रवार को मुस्लिम समुदाय से कारोबार बंद रखने की अपील की थी।

इस कारण से सुबह से ही तलाक महल, कर्नलगंज, हीरामन पुरवा, चमनगंज, बेगनगंज, दलेल पुरवा, मेस्टन रोड, बाबू पुरवा, रावतपुर व जाजमऊ में इसका असर दिखाई दिया। इसके बाद जुमे की नमाज के दौरान मस्जिदों से एलान किया गया कि वह मोहम्मद साहब पर की गई किसी भी अमर्यादित टिप्पणी को बर्दाश्त नहीं करेंगे। वहीं, पुलिस ने किसी भी क्षेत्र में लोगों को नमाज के बाद प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी थी।

पुलिस कमिश्नर ने पहुंच कर शांत किया भीड़ को

नूपुर शर्मा पर पैगंबर-ए-इस्लाम के खिलाफ अभद्र टिप्पणी का आरोप। इसको लेकर मुस्लिम समाज ने जुलूस निकाला था, लेकिन नमाज के बाद महिलाओं बच्चों और युवकों की टोली एक बैग हाथोंमें लेकर घुस गई और वहां मौजूद 25 परिवारों पर हमला बोल दिया । इसके बाद से दोनों पक्षों में जमकर पथराव हुआ। एक दर्जन से अधिक लोगों के सरवटे कई अन्य लोग घायल भी हुए और अभी भी पथराव जारी है।

विपक्ष ने साधा भाजपा पर निशाना

कांग्रेस ने कानपुर में हुए इस बवाल को लेकर सरकार पर निशाना साधा। कांग्रेस ने ट्विटर पर लिखा, ‘भाजपा ने भीड़तंत्र के रूप में जो भस्मासुर पाले हैं, अब वे रंग दिखा रहे हैं। कितनी गंभीर बात है कि देश के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री सभी कानपुर में हैं, उसके बाद भी वहां हिंसा भड़क गई। यूपी में कानून का राज खत्म हो चुका है। आम जनता से अपील है कि कृपया शांति बनाएं रखें।’